छठ महापर्व की आस्था में डूबी रायबरेली

{ कमला फाउंडेशन की अध्यक्ष पूनम सिंह ने तीसरे और चौथे दिन राजघाट पर व्रती महिलाओं संग की सूर्योपासना}

रायबरेली- ब्यूरो। लोक आस्था का महापर्व छठ रायबरेली में श्रद्धा, विश्वास और उत्साह का प्रतीक बन गया है। सई नदी के तट स्थित राजघाट पर तीसरे और चौथे दिन हजारों श्रद्धालुओं की उपस्थिति ने इस पावन पर्व को और भी भव्य बना दिया। शहर का वातावरण भक्ति संगीत, छठ गीतों और आस्था की गूंज से आलोकित रहा।तीसरे दिन की शाम संध्या अर्घ्य के अवसर पर व्रती महिलाओं ने अस्ताचलगामी सूर्य को अर्घ्य अर्पित किया। घाटों पर दीपों की जगमगाहट और नारियल, दूध, फल-सूप से भरे दउरे आस्था के अद्भुत प्रतीक बने। इसी श्रद्धामयी माहौल में कमला फाउंडेशन की अध्यक्ष पूनम सिंह भी उपस्थित रहीं। उन्होंने व्रती माताओं और बहनों के बीच सम्मिलित होकर छठी मैया से जनपदवासियों की सुख-समृद्धि, संतान की रक्षा और समाज की उन्नति की मंगलकामना की।पूनम सिंह ने इस अवसर पर कहा छठी मैया की कृपा हर उस परिवार पर बनी रहे जो सत्य, श्रम और समर्पण के मार्ग पर अग्रसर है। यह पर्व केवल धार्मिक अनुष्ठान नहीं, बल्कि जीवन में अनुशासन और आत्मशुद्धि का प्रतीक है।”उन्होंने सुहागिन महिलाओं से सिंदूर ग्रहण कर आस्था के इस पर्व की पवित्रता को नमन किया। घाट पर उपस्थित श्रद्धालुओं से बातचीत के दौरान उन्होंने कहा कि रायबरेली की मातृशक्ति अपनी परंपराओं को जिस निष्ठा से निभा रही है, वह समाज के लिए प्रेरणास्रोत है।तीसरे दिन की संध्या अर्घ्य के बाद घाटों पर प्रसाद वितरण का आयोजन किया गया, जिसमें पूनम सिंह ने स्वयं भाग लिया। उन्होंने कहा कि इस पर्व की सबसे बड़ी विशेषता यही है कि इसमें कोई भेदभाव नहीं — सभी जाति, धर्म और वर्ग के लोग एक ही भावना से छठी मैया की आराधना में सहभागी होते हैं।चौथे दिन — उगते सूर्य को अर्घ्य
छठ महापर्व के चौथे दिन प्रातःकाल सई नदी तट का दृश्य मनमोहक और अद्वितीय रहा। जैसे ही सूर्य की पहली किरण आकाश में प्रकट हुई, व्रती महिलाओं ने जल में खड़े होकर अर्घ्य अर्पित किया। “छठी मईया आइलें अंगना में” जैसे पारंपरिक गीतों की गूंज ने वातावरण को भक्तिमय बना दिया।कमला फाउंडेशन की अध्यक्ष पूनम सिंह ने भी व्रती माताओं के साथ उगते सूर्य को अर्घ्य दिया और सभी श्रद्धालुओं को छठ की हार्दिक शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा यह पर्व हमें प्रकृति, सूर्य और जल के प्रति आभार व्यक्त करने की सीख देता है। मैं छठी मैया से प्रार्थना करती हूं कि रायबरेली का हर घर सुख, शांति और समृद्धि से भरा रहे।”अर्घ्य के बाद उन्होंने घाट पर मौजूद श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरण किया और कहा कि समाज में ऐसी परंपराएं ही हमारी संस्कृति की जड़ें मजबूत करती हैं।इस पावन अवसर पर बिहार जनकल्याण समिति के प्रदेश अध्यक्ष भारत भूषण, अनिल मिश्रा उर्फ रजोले मिश्रा,अधिवक्ता प्रभु ,अधिवक्ता प्रदीप सोनकर ,पिंटू सिंह, दीनानाथ गिरी , सुधा गिरी, मनोज कुमार पंडित, पूर्व सभासद शिवा सोनकर, राहुल यादव सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे। सभी ने मिलकर छठी मैया से जिले की प्रगति और जनकल्याण की प्रार्थना की।

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